पटना। राजधानी पटना के बुद्धा कॉलोनी थाना क्षेत्र में पूर्व वार्ड पार्षद और वर्तमान वार्ड पार्षद के पति अनिल यादव पर हुई गोलीबारी के मामले में पुलिस की जांच तेज हो गई है। घटना के बाद सामने आए CCTV फुटेज में तीन संदिग्ध हमलावरों को बाइक से आते और वारदात के बाद मौके से निकलते देखा गया है। पुलिस फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी की कोशिश कर रही है। रिपोर्टों के अनुसार, घटना बुधवार शाम करीब 7:30 बजे बुद्धा कॉलोनी थाना क्षेत्र में स्थित मां सुखिया महल अपार्टमेंट के बेसमेंट में हुई। अनिल यादव वहां कुछ लोगों के साथ बैठे थे। इसी दौरान बाइक से तीन हमलावर पहुंचे और उनमें से दो ने बेसमेंट के भीतर जाकर उन पर गोली चला दी। पुलिस के मुताबिक हमले में अनिल यादव को कई गोलियां लगीं। अलग-अलग रिपोर्टों में चार से पांच गोली लगने की जानकारी सामने आई है। उन्हें तत्काल इलाज के लिए निजी अस्पताल ले जाया गया और बाद में बेहतर उपचार के लिए दूसरे अस्पताल में स्थानांतरित किया गया। घटना के बाद सामने आए CCTV फुटेज ने जांच को अहम सुराग दिया है। फुटेज में एक मोटरसाइकिल पर तीन लोगों के पहुंचने की तस्वीर सामने आई है। रिपोर्टों के मुताबिक बाइक रुकने के बाद पीछे बैठे दो हमलावरों ने हथियार निकाले और बेसमेंट में मौजूद अनिल यादव पर फायरिंग की। इसके बाद तीनों वहां से फरार हो गए। पुलिस अब अपार्टमेंट के अलावा आसपास के इलाकों में लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग भी खंगाल रही है। इसका उद्देश्य हमलावरों के आने-जाने के रास्ते और उनकी पहचान से जुड़े सुराग जुटाना है। घटना के समय अनिल यादव के सुरक्षा गार्ड के मौजूद होने की भी जानकारी सामने आई है। एक रिपोर्ट के अनुसार, गोलीबारी शुरू होने के बाद गार्ड ने हमलावरों को रोकने की कोशिश की और उन पर कुर्सी फेंकी। हालांकि हमलावर हथियार लेकर वहां से निकलने में सफल रहे। पुलिस घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी को भी जांच का हिस्सा बना रही है। फिलहाल पुलिस ने गोलीबारी के पीछे की वजह को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष सार्वजनिक नहीं किया है। अधिकारियों के अनुसार, मामले के अलग-अलग पहलुओं की जांच की जा रही है। पुरानी रंजिश या किसी पूर्व विवाद की संभावना समेत अन्य कोणों को भी जांच में शामिल किए जाने की रिपोर्ट है। एक अन्य महत्वपूर्ण पहलू यह है कि अनिल यादव के बेटे की भी कुछ दिन पहले गोलीबारी में मौत हुई थी। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि दोनों घटनाओं के बीच कोई संबंध है या नहीं। फिलहाल किसी कनेक्शन को स्थापित तथ्य के रूप में नहीं कहा जा सकता। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और संदिग्ध ठिकानों पर तलाश की जा रही है। CCTV फुटेज के अलावा तकनीकी साक्ष्यों और घटनास्थल से मिले अन्य सुरागों के आधार पर हमलावरों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस की ओर से आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही घटना के पीछे की वास्तविक वजह और पूरी साजिश स्पष्ट होने की उम्मीद है। अनिल यादव पटना नगर निगम के वार्ड नंबर 24 से पूर्व पार्षद रह चुके हैं। उनकी पत्नी ज्ञानवती देवी वर्तमान में इसी वार्ड की पार्षद हैं। अनिल यादव जन सुराज से भी जुड़े रहे हैं। घटना के बाद विभिन्न राजनीतिक नेताओं ने अस्पताल पहुंचकर उनके स्वास्थ्य और परिवार की जानकारी ली। पटना के बुद्धा कॉलोनी इलाके में हुई यह फायरिंग फिलहाल पुलिस जांच के दायरे में है। CCTV फुटेज में तीन संदिग्ध हमलावरों की गतिविधियां सामने आना जांच के लिए अहम सुराग माना जा रहा है। पुलिस उनकी पहचान, घटना के पीछे के कारण और हाल की अन्य घटनाओं से संभावित संबंधों की जांच कर रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी और आगे की पुलिस जांच के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर स्पष्ट होगी।बेसमेंट में बैठे थे अनिल यादव
CCTV में दिखी पूरी वारदात
सुरक्षा गार्ड ने भी हमलावरों को रोकने की कोशिश की
हमले की वजह अभी स्पष्ट नहीं
पुलिस की कार्रवाई जारी
अनिल यादव की राजनीतिक पहचान
निष्कर्ष
पटना में पूर्व पार्षद अनिल यादव पर फायरिंग, CCTV में कैद तीन हमलावर






