देवघर। झारखंड के देवघर में लगातार हो रही बारिश का असर एयरपोर्ट परिसर और उसके आसपास के इलाकों में भी देखने को मिला। तेज बारिश के कारण एयरपोर्ट के नजदीक जमा पानी ओवरफ्लो होकर परिसर की ओर पहुंच गया। स्थिति को देखते हुए एयरपोर्ट प्रबंधन और कर्मचारियों ने तत्काल जलनिकासी का काम शुरू किया, ताकि पानी को अधिक देर तक जमा होने से रोका जा सके। भारी बारिश के बाद एयरपोर्ट के आसपास खाली जमीन में बड़ी मात्रा में पानी जमा हो गया था। पानी बढ़ने के बाद उसका बहाव एयरपोर्ट की दिशा में होने लगा। रिपोर्ट के मुताबिक, पानी रनवे से करीब 200 मीटर की दूरी तक पहुंच गया था। इसके अलावा एयर ट्रैफिक कंट्रोल यानी ATC भवन के सामने और सुरक्षा पोस्ट के आसपास भी जलजमाव की स्थिति बनी। इससे एयरपोर्ट परिसर में पानी की निकासी को लेकर तत्काल कदम उठाने की जरूरत महसूस हुई। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए एयरपोर्ट कर्मचारियों ने पानी के बहाव का रास्ता साफ करने का काम शुरू किया। रिपोर्ट के अनुसार, अस्थायी नाले में जमा अवरोध को हटाने में लगभग चार से पांच घंटे लगे। नाला साफ होने के बाद जमा बारिश के पानी को डढ़वा नदी की ओर प्रवाहित किया गया। इस प्रक्रिया के दौरान कर्मचारियों ने पानी के स्तर पर लगातार नजर रखी, ताकि जलभराव दोबारा गंभीर स्थिति न पैदा करे। जलभराव की स्थिति के बावजूद एयरपोर्ट का नियमित परिचालन प्रभावित नहीं हुआ। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, सभी निर्धारित उड़ानों की लैंडिंग और टेकऑफ सामान्य रूप से जारी रहे। एयरपोर्ट प्रबंधन की ओर से यह भी बताया गया कि यात्रियों की सुविधा और उड़ान संचालन को देखते हुए पानी की निकासी के लिए कर्मचारियों की मदद ली गई। देवघर में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए जिला प्रशासन ने भी अधिकारियों को सतर्क रहने का निर्देश दिया है। उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने अधिकारियों को संभावित जलभराव और बाढ़ जैसी परिस्थितियों से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां रखने को कहा है। प्रखंड स्तर के अधिकारियों को राहत एवं बचाव से संबंधित जिम्मेदारियां दी गई हैं। प्रशासन की ओर से कंट्रोल रूम और जन-जागरूकता के माध्यम से लोगों तक जरूरी सूचनाएं पहुंचाने की व्यवस्था पर भी जोर दिया गया है। भारी बारिश के कारण एयरपोर्ट के आसपास के क्षेत्र में दूसरी समस्याएं भी सामने आई हैं। एयरपोर्ट के किनारे की एक सड़क क्षतिग्रस्त होने से आसपास के करीब 20 से 25 गांवों के आवागमन पर असर पड़ने की रिपोर्ट सामने आई है। इससे ग्रामीणों को जिला मुख्यालय आने-जाने में परेशानी हो रही है। बारिश के दौरान एयरपोर्ट जैसे संवेदनशील स्थानों पर पानी की निकासी बेहद महत्वपूर्ण होती है। जलभराव बढ़ने पर इसका असर सड़क, टर्मिनल क्षेत्र और अन्य परिचालन क्षेत्रों पर पड़ सकता है। ऐसे में एयरपोर्ट प्रबंधन की ओर से जलनिकासी मार्गों की निगरानी और सफाई को प्राथमिकता दी जा रही है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार, बारिश के पानी को हटाने के बाद एयरपोर्ट का उड़ान संचालन सामान्य बना रहा। आने वाले समय में बारिश की स्थिति को देखते हुए जलस्तर और निकासी व्यवस्था पर निगरानी जारी रहने की संभावना है। निष्कर्ष: कॉपीराइट-अवेयर नोट: यह स्क्रिप्ट उपलब्ध रिपोर्टों के तथ्यों को आधार बनाकर पूरी तरह नए शब्दों और स्वतंत्र वाक्य-विन्यास में तैयार की गई है। मूल समाचार की शब्दशः नकल नहीं की गई है।रनवे के करीब तक पहुंचा बारिश का पानी
अस्थायी नाले की सफाई कर पानी निकाला गया
उड़ानों पर नहीं पड़ा असर
लगातार बारिश को लेकर प्रशासन अलर्ट
आसपास के इलाकों में भी बारिश का असर
जलनिकासी व्यवस्था पर बढ़ी निगरानी
देवघर एयरपोर्ट के आसपास भारी बारिश के बाद पैदा हुई जलभराव की स्थिति को एयरपोर्ट कर्मचारियों ने तत्काल जलनिकासी अभियान चलाकर नियंत्रित किया। अस्थायी नाले की सफाई के बाद पानी को डढ़वा नदी की ओर मोड़ा गया और उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार उड़ानों का संचालन प्रभावित नहीं हुआ। वहीं, भारी बारिश की संभावना को देखते हुए जिला प्रशासन भी अलर्ट मोड में है।
देवघर एयरपोर्ट में भारी बारिश के बाद जलभराव, पानी निकालने के लिए तत्काल कार्रवाई






